हर फैसला होता नहीं सिक्का उछाल के,
ये दिल का मामला है जरा देखभाल के.
मोबाइलों के दौर के आशिक को क्या पता,
रखते थे कभी खत में कलेजा निकाल के.
कैसे कह दूँ, मेरा प्यार वेस्ट हो गया..
जब जब अपना दर्द लिखा..
कॉपी-पेस्ट हो गया…!!
सूरज निकलने का वक़्त हो गया,
फूल खिलने का वक़्त हो गया,
मीठी नींद से जागो मेरे दोस्त,
सपने हक़ीकत में लाने का वक़्त हो गया !!
ऐसे भी होते है कुछ लोग जो...
"ज़हन" में बसकर , "जान" बन जाते हैं !
"दिलों" में बस कर , "साँसों" की...
पहचान बन जाते हैं ...!!
रूठी जो ज़िंदगी तो माना लेंगे हम
मिले जो गम वो सह लेंगे हम
बस आप रहना हमेशा साथ हमारे
तो निकलते हुए आँसुओ मे भी मुस्कुरा लेंगे हम…
जब भी याद आती हैं,मुस्कुरा लेते हैं,
कुछ पलो के लिए हर गम भुला देते हैं,
कैसे भीग सकती है पलकें आपकी,
आपके हिस्से के आंसू तो हम बहा लेते हैं😥😥
मिलता गम तो बर्बादी के अफसाने कहाँ जाते;
दुनिया अगर होती चमन तो वीराने कहाँ जाते;
चलो अच्छा हुआ अपनों में कोई ग़ैर तो निकला;
सभी अगर अपने होते तो बेगाने कहाँ जाते।
क्या😎 तारीफ👌 करूं💞 तेरे🌹 इस चेहरे 👸की⚡ खुदा🌞 कसम जब तेरा चेहरा दिख जाता है ना 🍁 तो वह 💑चांद🌜भी फीका ⛄लगने लगता है My sweet😄
ज़िंदगी में जो हम चाहते हैं वो आसानी से नहीं मिलता,
लेकिन ज़िंदगी का एक सच यह भी है कि जो हम चाहते वो आसान नहीं होता। ❤️
इतनी हिम्मत नहीं कि किसी को हाल-ए-दिल सुना सकें,,,
बस जिसके लिए उदास है वो महसूस कर ले तो क्या बात है... ❤️
इस नाज़ुक दिल में किसी के लिए इतनी मोहबत आज भी है यारो.
की हर रात जब तक आँखे ना भीग जाये नीद नही आती
खामोशी को इख़्तियार कर लेना,,
अपने दिल को बेकरार कर लेना..
जो लेना हो ज़िन्दगी का असली ददॅ,,
तो कीसी से बेपनाह प्यार कर लेना..
कोई मरहम नहीं चाहिए,
जख्म मिटाने के लिए..
बस तेरी आवाज़ ही काफी है,
मेरे ठीक हो जाने के लिए..
मुझे तुम इतने अच्छे क्यों लगते हो..
मेरे इस दिल को तुम सच्चे क्यों लगते हो..
सताते हो,,रुलाते हो,,दूर रहते हो मगर,,
मुझे फिर भी तूम्ही अच्छे लगते हो...
सबसे सुंदर नाता दो "आँखो" का होता है..
एक साथ खुलते,,एक साथ बंद होते हैं..
एक साथ रोते हैं,,एक साथ सोते हैं..
वो भी एक दूसरे को जिंदगी भर बीन देखे..
,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,
ये दिल का मामला है जरा देखभाल के.
मोबाइलों के दौर के आशिक को क्या पता,
रखते थे कभी खत में कलेजा निकाल के.
कैसे कह दूँ, मेरा प्यार वेस्ट हो गया..
जब जब अपना दर्द लिखा..
कॉपी-पेस्ट हो गया…!!
सूरज निकलने का वक़्त हो गया,
फूल खिलने का वक़्त हो गया,
मीठी नींद से जागो मेरे दोस्त,
सपने हक़ीकत में लाने का वक़्त हो गया !!
ऐसे भी होते है कुछ लोग जो...
"ज़हन" में बसकर , "जान" बन जाते हैं !
"दिलों" में बस कर , "साँसों" की...
पहचान बन जाते हैं ...!!
रूठी जो ज़िंदगी तो माना लेंगे हम
मिले जो गम वो सह लेंगे हम
बस आप रहना हमेशा साथ हमारे
तो निकलते हुए आँसुओ मे भी मुस्कुरा लेंगे हम…
जब भी याद आती हैं,मुस्कुरा लेते हैं,
कुछ पलो के लिए हर गम भुला देते हैं,
कैसे भीग सकती है पलकें आपकी,
आपके हिस्से के आंसू तो हम बहा लेते हैं😥😥
मिलता गम तो बर्बादी के अफसाने कहाँ जाते;
दुनिया अगर होती चमन तो वीराने कहाँ जाते;
चलो अच्छा हुआ अपनों में कोई ग़ैर तो निकला;
सभी अगर अपने होते तो बेगाने कहाँ जाते।
क्या😎 तारीफ👌 करूं💞 तेरे🌹 इस चेहरे 👸की⚡ खुदा🌞 कसम जब तेरा चेहरा दिख जाता है ना 🍁 तो वह 💑चांद🌜भी फीका ⛄लगने लगता है My sweet😄
ज़िंदगी में जो हम चाहते हैं वो आसानी से नहीं मिलता,
लेकिन ज़िंदगी का एक सच यह भी है कि जो हम चाहते वो आसान नहीं होता। ❤️
इतनी हिम्मत नहीं कि किसी को हाल-ए-दिल सुना सकें,,,
बस जिसके लिए उदास है वो महसूस कर ले तो क्या बात है... ❤️
इस नाज़ुक दिल में किसी के लिए इतनी मोहबत आज भी है यारो.
की हर रात जब तक आँखे ना भीग जाये नीद नही आती
खामोशी को इख़्तियार कर लेना,,
अपने दिल को बेकरार कर लेना..
जो लेना हो ज़िन्दगी का असली ददॅ,,
तो कीसी से बेपनाह प्यार कर लेना..
कोई मरहम नहीं चाहिए,
जख्म मिटाने के लिए..
बस तेरी आवाज़ ही काफी है,
मेरे ठीक हो जाने के लिए..
मुझे तुम इतने अच्छे क्यों लगते हो..
मेरे इस दिल को तुम सच्चे क्यों लगते हो..
सताते हो,,रुलाते हो,,दूर रहते हो मगर,,
मुझे फिर भी तूम्ही अच्छे लगते हो...
सबसे सुंदर नाता दो "आँखो" का होता है..
एक साथ खुलते,,एक साथ बंद होते हैं..
एक साथ रोते हैं,,एक साथ सोते हैं..
वो भी एक दूसरे को जिंदगी भर बीन देखे..
,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,